• Home
  • News
  • Big News: Crackdown on irregularities in government and competitive exams! Exam Amendment Bill becomes law following President's assent.

बड़ी खबरः सरकारी और प्रतियोगी परीक्षाओं में धांधली पर अब सख्त शिकंजा! राष्ट्रपति की स्वीकृति से परीक्षा संशोधन बिल बना कानून

editor
  • Awaaz Desk
  • August 01, 2026 11:08 AM
Big News: Crackdown on irregularities in government and competitive exams! Exam Amendment Bill becomes law following President's assent.

नई दिल्ली। सरकारी और प्रतियोगी परीक्षाओं में पेपर लीक तथा अन्य अनुचित साधनों पर प्रभावी रोक लगाने के उद्देश्य से संसद द्वारा पारित ‘सार्वजनिक परीक्षा (अनुचित साधनों की रोकथाम) संशोधन विधेयक, 2026’ को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू की मंजूरी मिल गई है। राष्ट्रपति की स्वीकृति के साथ ही यह कानून पूरे देश में लागू हो गया है। सरकार का कहना है कि नया कानून परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता बढ़ाने, युवाओं के भविष्य की सुरक्षा करने और पेपर लीक माफिया पर कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। यह विधेयक विपक्षी दलों के वॉकआउट के बीच संसद के दोनों सदनों से पारित हुआ था। लोकसभा से पारित होने के बाद राज्यसभा ने भी इसे ध्वनिमत से मंजूरी दी थी। राष्ट्रपति की स्वीकृति मिलने के बाद अब इसे विधिवत लागू कर दिया गया है। संशोधित कानून के तहत सार्वजनिक परीक्षाओं में पेपर लीक, प्रश्नपत्रों से छेड़छाड़, संगठित नकल या अन्य अनुचित साधनों का इस्तेमाल करने वालों के खिलाफ पहले से अधिक कठोर दंड का प्रावधान किया गया है। कानून के अनुसार, ऐसे मामलों में दोषी पाए जाने वाले व्यक्तियों को पांच से दस वर्ष तक की सजा और 50 लाख रुपये तक का जुर्माना हो सकता है। वहीं, यदि किसी संगठित गिरोह या सिंडिकेट की संलिप्तता सामने आती है तो उसके खिलाफ कम से कम सात वर्ष की कैद और 10 करोड़ रुपये तक के जुर्माने का प्रावधान किया गया है। सरकार का मानना है कि इन कड़े प्रावधानों से पेपर लीक जैसे संगठित अपराधों पर प्रभावी अंकुश लगेगा। केंद्र सरकार के अनुसार, इस संशोधन का मुख्य उद्देश्य सरकारी और प्रतियोगी परीक्षाओं की विश्वसनीयता बनाए रखना तथा लाखों अभ्यर्थियों के हितों की रक्षा करना है। हाल के वर्षों में विभिन्न राज्यों में सामने आए पेपर लीक के मामलों ने परीक्षा प्रणाली पर सवाल खड़े किए थे। ऐसे में सरकार ने कानून को और सख्त बनाते हुए दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई का रास्ता साफ किया है। विधेयक पारित होने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया पर जारी अपने संदेश में कहा कि पेपर लीक के खिलाफ कड़ा कानून बनाने का महत्वपूर्ण कार्य पूरा हो गया है। उन्होंने कहा कि सरकार आधुनिक तकनीक के माध्यम से परीक्षा प्रणाली को और अधिक सुरक्षित एवं पारदर्शी बनाने की दिशा में काम कर रही है। प्रधानमंत्री ने भरोसा दिलाया कि सरकार यह सुनिश्चित करेगी कि कोई भी पेपर लीक माफिया छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ न कर सके। सरकार का कहना है कि नए कानून के लागू होने से परीक्षा प्रक्रिया की निष्पक्षता मजबूत होगी, अभ्यर्थियों का विश्वास बढ़ेगा और पेपर लीक जैसे अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित किया जा सकेगा।
 


संबंधित आलेख: