चरित्र के शक में हैवानियतः गुरुग्राम में 19 साल की छात्रा से अमानवीय बर्ताव! तीन दिन तक बंधक बनाकर प्रताड़ना देने के आरोप में लिव-इन पार्टनर गिरफ्तार
नई दिल्ली। हरियाणा के गुरुग्राम में 19 साल की एक छात्रा के साथ क्रूरता का सनसनीखेज मामला सामने आया है। छात्रा के साथ उसके लिव इन पार्टनर ने हैवानियत की सारी हदें पार कर दीं। त्रिपुरा की रहने वाली और बीएससी बायोटेक की छात्रा के साथ उसके लिव-इन पार्टनर शिवम ने ऐसी दरिंदगी की, जिसे सुनकर हर कोई सन्न है। चरित्र पर शक के चलते आरोपी ने न सिर्फ 3 दिनों तक बंधक बनाकर युवती को पीटा, बल्कि उसके प्राइवेट पार्ट्स पर सैनिटाइजर डालकर आग लगा दी। सफदरजंग अस्पताल में जिंदगी और मौत के बीच जूझ रही 19 वर्षीय पीड़िता ने पुलिस को दिए बयान में अपनी आपबीती सुनाई है। दरअसल, सितंबर 2025 में एक डेटिंग ऐप के जरिए युवती और शिवम की दोस्ती हुई, जो जल्द ही लिव-इन रिलेशनशिप में बदल गई। 16 फरवरी 2026 से टॉर्चर का सिलसिला शुरू हुआ। आरोपी ने स्टील की बोतल से सिर पर वार किया, दीवार और अलमारी से सिर टकराया और पैरों पर चाकू से हमला किया। क्रूरता की हद तब पार हुई जब आरोपी ने पीड़िता के प्राइवेट पार्ट्स पर सैनिटाइजर छिड़का और आग लगा दी। आरोपी ने पीड़िता के न्यूड वीडियो बना लिए और धमकी दी कि उसे इस लायक नहीं छोड़ेगा कि वह कभी मां बन सके। पीड़िता ने जैसे-तैसे 18 फरवरी की रात आरोपी के फोन से अपनी मां को कॉल किया। आरोपी को बंगाली भाषा नहीं आती थी, इसलिए उसने इसी भाषा में मां को अपनी आपबीती और मारपीट की जानकारी दी। मां ने तुरंत 112 पर कॉल कर पुलिस को सूचना दी, जिसके बाद पुलिस ने मौके पर पहुंचकर पीड़िता को रेस्क्यू किया। पीड़िता की मां का सफदरजंग अस्पताल में रो-रोकर बुरा हाल है। उन्होंने पुलिस से मांग की है कि आरोपी शिवम पर रेप और हत्या की कोशिश की धाराएं भी लगाई जाएं। उन्हें जानकारी नहीं थी कि उनकी बेटी शिवम के साथ रह रही थी, उन्हें लगा वह पीजी में है। रुग्राम पुलिस ने आरोपी शिवम को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है।
हैवानियत की हदें पार, सिहर उठा हर कोई
पुलिस सूत्रों के मुताबिक आरोपी अपनी गर्लफ्रेंड के चरित्र पर शक करने लगा था। छोटे-छोटे सवाल, फोन चेक करना, दोस्तों पर टिप्पणी रिश्ते में तनाव बढ़ने लगा। 19 फरवरी की रात बहस हुई। बहस ने हिंसा का रूप ले लिया। आरोप है कि इसके बाद युवक ने अपना आपा खो दिया। पीड़िता की मां का कहना है कि तीन दिनों तक उसे कमरे में बंद रखा गया। मारपीट, गाली-गलौज और कथित तौर पर अमानवीय बर्ताव। आरोप इतने गंभीर हैं कि सुनने वाला सिहर उठे सैनिटाइज़र से प्राइवेट पार्ट को जलाना, निर्वस्त्र वीडियो बनाना, पेशाब पीने के लिए मजबूर करना और चाकू से हमला करना। पुलिस इन आरोपों की तफ्तीश कर रही है। मेडिकल रिपोर्ट और फोरेंसिक जांच अहम साक्ष्य माने जा रहे हैं।