बूथ अध्यक्ष के घर पहुंचे मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, बेटी के विवाह में शामिल होकर दिया आशीर्वाद
उत्तरकाशी। राजनीतिक व्यस्तताओं के बीच भी उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कार्यकर्ता के प्रति आत्मीयता का उदाहरण पेश किया। चिन्यालीसौड़ में आयोजित सरकारी कार्यक्रम के बाद वे सीधे बड़ेथी गांव पहुंचे, जहां भाजपा के बूथ अध्यक्ष उत्तम सिंह रावत की पुत्री के विवाह समारोह में शामिल होकर नवविवाहित जोड़े को आशीर्वाद दिया। मुख्यमंत्री के अचानक विवाह समारोह में पहुंचने से परिवारजनों और स्थानीय लोगों में उत्साह का माहौल बन गया। सीएम धामी ने दुल्हन और उसके परिजनों को शुभकामनाएं देते हुए सुखद दांपत्य जीवन की कामना की। उन्होंने कहा कि पार्टी का प्रत्येक कार्यकर्ता उनके लिए परिवार का सदस्य है और सुख-दुख के अवसरों पर साथ खड़ा रहना उनकी प्राथमिकता है। समारोह में मौजूद लोगों ने मुख्यमंत्री के इस आत्मीय व्यवहार की सराहना की। इससे पूर्व मुख्यमंत्री चिन्यालीसौड़ विकासखंड मुख्यालय में आयोजित कार्यक्रम में शामिल हुए थे, जहां स्थानीय जनप्रतिनिधियों और नागरिकों ने विभिन्न समस्याएं उनके समक्ष रखीं। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में महिला रोग विशेषज्ञ की तैनाती, अल्ट्रासाउंड सुविधा शुरू करने और अस्पताल के उच्चीकरण की मांग प्रमुख रूप से उठाई गई। मुख्यमंत्री ने आश्वासन दिया कि अस्पताल के उच्चीकरण को उनकी घोषणाओं में शामिल किया गया है और इस दिशा में शीघ्र कार्रवाई की जाएगी।
इसके अलावा राजकीय महाविद्यालय के उच्चीकरण, क्षेत्र की सड़कों की मरम्मत, टिहरी झील प्रभावित इलाकों में पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा देने और जीतू बगडवाल के नाम पर जीतू की बगोड़ी गांव का नामकरण करने की मांग भी रखी गई। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार क्षेत्रीय विकास के लिए प्रतिबद्ध है और जनभावनाओं का सम्मान करते हुए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे। सीएम धामी ने अपने संबोधन में बताया कि राज्य सरकार द्वारा संचालित ‘जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार’ कार्यक्रम के तहत अब तक 600 से अधिक शिविर आयोजित किए जा चुके हैं। इन शिविरों में पांच लाख से अधिक लोग भाग ले चुके हैं और 40 हजार से ज्यादा लाभार्थियों को विभिन्न योजनाओं का सीधा लाभ मिला है। उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य दूरस्थ ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को छोटी-छोटी समस्याओं के समाधान के लिए जिला मुख्यालय तक न जाना पड़े। कार्यक्रम के बाद विवाह समारोह में उनकी उपस्थिति ने यह संदेश भी दिया कि विकास कार्यों के साथ-साथ मानवीय संवेदनाएं भी सरकार की प्राथमिकता में शामिल हैं।