एक्शन में सीएम धामी: बोले- उत्तराखण्ड अपराधियों के आराम करने का स्थल नहीं! शरणगाह न समझे, पुलिस अधिकारियों को दिए सख्त आदेश
देहरादून। उत्तराखण्ड अपराधियों के आराम करने का स्थल नहीं है और ना ही कोई शरणगाह। यह एक शांत प्रदेश है यहां की विशिष्टता और शांति हमेशा बनी रहनी चाहिए, जिसके लिए यह जाना जाता है। यह बात तल्ख तेवरों के साथ बाहर से आकर यहां बसने वालों के लिए प्रदेश के मुखिया पुष्कर सिंह धामी ने कही। गुरूवार को सत्यापन अभियान शुरू करने के संबंध में मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि कोई भी उत्तराखंड को शरणगाह न समझे। यह शरणास्थली नहीं है और ना ही अपराधियों के आराम करने का स्थल। उन्होंने कहा कि यह देखने में आया है कि यहां का जनसंख्या घनत्व बढ़ रहा है। अनावश्यक रूप से गतिविधियां बढ़ रही हैं। कई बार बाद में पता चलता है कि ऐसी गतिविधियों को अंजाम देने वाला राज्य के बाहर से आया है और पहले भी आपराधिक गतिविधियों में लिप्त रहा है। इन सब बातों को ध्यान में रखते हुए सत्यापन अभियान चलाया जा रहा है और बहुत जल्द राज्य के सभी नागरिकों के लिए सामान नागरिक संहिता को भी लागू किया जाएगा। बता दें कि सीएम धामी के आदेश पर गुरूवार से ही प्रदेश में सत्यापन अभियान चलाया गया है जो दस दिन तक चलेगा। पहले दिन प्रदेशभर में पुलिस द्वारा अभियान चलाते हुए 2732 लोगों का सत्यापन किया गया। सीएम धामी ने पुलिस अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि सख्ती के साथ सत्यापन अभियान को चलाएं और रिपोर्ट तैयार करें।