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आस्थाः रुद्रनाथ की यात्रा के लिए अनिवार्य रुप से कराना होगा पंजीकरण! एक दिन में सिर्फ इतने श्रद्धालु ही कर सकेंगे दर्शन

editor
  • Awaaz Desk
  • May 14, 2025 10:05 AM
Faith: Registration is mandatory for Rudranath Yatra! Only this many devotees will be able to visit in a day

चमोली। पंच केदारों में चतुर्थ केदार रुद्रनाथ मंदिर के कपाट 18 मई को खुलने हैं। जिसको लेकर मंदिर समिति के साथ प्रशासन और केदारनाथ वन प्रभाग ने तैयारियां शुरु कर दी हैं। इस बार रुद्रनाथ की यात्रा को सुव्यवस्थित करने के लिए वन प्रभाग की ओर से पारिस्थितिकी विकास समिति (ईडीसी) का गठन किया गया है। साथ ही यात्रा के लिए श्रद्धालुओं की संख्या भी निर्धारित कर दी गई है। केदारनाथ वन्य जीव प्रभाग के उप वन संरक्षक तरुण एस. ने बताया कि पंच केदारों में चतुर्थ केदार श्री रूद्रनाथ यात्रा को व्यवस्थित रूप से संचालित करने के लिए यात्रा मार्ग से लगे सगर, ग्वाड़, गंगोलगांव, सिरोली एवं कुजौं गांव में पारिस्थितिकी विकास समितियों का गठन किया गया है। बीते वर्षों की रुद्रनाथ यात्रा पर गए श्रद्धालुओं की संख्या और संरक्षित क्षेत्र के पर्यावरण एवं पारिस्थितिकी को ध्यान में रखते हुये इस वर्ष यात्रियों की धारण क्षमता के अनुरुप प्रतिदिन 140 श्रद्धाओं की संख्या निर्धारित की गई है। ऐसे में यात्रा के सुचारु संचालन के लिए केदारनाथ वन्य जीव प्रभाग की ओर से यात्रियों के ऑनलाईन पंजीकरण हेतु https://kedarnathwildlife-uk-gov-in/ बेब साईड तैयार की गई है। जिसमें रूद्रनाथ आने वाले सभी यात्रियों को अनिवार्य रूप से पंजीकरण करना होगा। श्री रुद्रनाथ मंदिर की यात्रा इस वर्ष वन प्रभाग की ओर से गठित ईडीसी के माध्यम से संचालित की जायेगी। जिससे सम्बन्धित सभी गांव के स्थानीय लोगों को स्वरोजगार का अवसर मिलेगा। इस वर्ष यात्रा मार्ग पर ईडीसी द्वारा स्थानीय ग्रामीणों को 3 स्थानों पर 18 टैंट संचालन की अनुमति प्रदान की गई है। वहीं यात्रा मार्ग पर ल्वींटी और श्री रुद्रनाथ मंदिर के समीप बायोटायलेट स्थापित किये जा रहे है। यात्रा मार्ग पर सफाई व्यवस्था के लिए ईडीसी की ओर से सफाई कर्मचारियों की नियुक्ति करने का भी प्रावधान किया गया है। उन्होंने बताया कि यात्रा मार्ग पर गाईडए पोर्टर और घोडे खच्चरों का संचालन करने के लिए ईडीसी में पंजीकरण आवश्यक किया गया है। साथ ही नियमों का उल्लघंन करने पर सम्बन्धित की विरुद्ध कड़ी कार्यवाही के प्राविधान किये गये है।


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