जिला सभागार में विकास योजनाओं की हाई-लेवल समीक्षा! सीमांत जिले में प्रशासनिक कार्यों को सराहा, अंतिम व्यक्ति तक लाभ पहुंचाने के निर्देश
पिथौरागढ़। उत्तराखंड सरकार के ग्राम्य विकास, लघु एवं सूक्ष्म मध्यम उद्यम (एमएसएमई), खादी एवं ग्रामोद्योग मंत्री भरत सिंह चौधरी ने सोमवार को पिथौरागढ़ जिला सभागार में विभिन्न सरकारी विभागों की एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक की। इस हाई-लेवल बैठक में उन्होंने सीमांत जनपद में चल रही विकास योजनाओं और जनकल्याणकारी कार्यक्रमों की प्रगति का विस्तृत जायजा लिया। बैठक में ग्रामीण विकास, पीएमजीएसवाई, पशुपालन, मनरेगा, प्रधानमंत्री आवास योजना और राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन सहित कई विभागों की कार्यप्रणाली को परखा गया। मंत्री ने दोटूक शब्दों में कहा कि सरकार की योजनाओं का सीधा लाभ समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति तक पारदर्शी ढंग से पहुंचना चाहिए।
समीक्षा के दौरान कैबिनेट मंत्री भरत सिंह चौधरी ने विभागवार प्रगति रिपोर्ट का बारीकी से अवलोकन किया। उन्होंने अधिकारियों को कड़े निर्देश देते हुए कहा कि राज्य सरकार ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने और स्थानीय स्तर पर स्वरोजगार के अवसरों को बढ़ाने के लिए निरंतर काम कर रही है। उन्होंने कहा, "हमारा मुख्य फोकस युवाओं और महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाना है। इसके लिए बेहद जरूरी है कि सभी सरकारी विभाग तय समय सीमा के भीतर निर्धारित लक्ष्यों को पूरा करें और काम की गुणवत्ता से कोई समझौता न करें। भौगोलिक चुनौतियों से घिरे सीमांत जनपद पिथौरागढ़ में चल रहे विकास कार्यों पर मंत्री ने संतोष व्यक्त किया। अधिकारियों की पीठ थपथपाते हुए उन्होंने कहा कि विषम परिस्थितियों के बावजूद जिला प्रशासन और विभागीय अमला पूरी मुस्तैदी व समर्पण के साथ जनता की सेवा में जुटा हुआ है। उन्होंने कहा कि एक-दो विभागों को छोड़कर किसी भी क्षेत्र से गंभीर शिकायत सामने नहीं आई है, जो कि बेहतर प्रशासनिक कार्यप्रणाली को दर्शाता है। इससे साफ है कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में सरकार की नीतियां धरातल पर पूरी पारदर्शिता और संवेदनशीलता के साथ लागू हो रही हैं। बैठक के दौरान स्थानीय जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों ने सीमांत क्षेत्रों में योजनाओं को लागू करने में आने वाली व्यावहारिक दिक्कतों और भौगोलिक चुनौतियों से भी मंत्री को अवगत कराया। इस पर मंत्री भरत सिंह चौधरी ने अधिकारियों को हर समस्या के त्वरित समाधान का भरोसा दिया और दूरस्थ क्षेत्रों के विकास के लिए विशेष प्रयास करने को कहा। बैठक के समापन पर मीडिया से बात करते हुए कैबिनेट मंत्री ने दोहराया कि उत्तराखंड सरकार सूबे के समग्र विकास के लिए पूरी तरह वचनबद्ध है। प्रत्येक जिले में विकास कार्यों की नियमित निगरानी की जा रही है ताकि भ्रष्टाचार मुक्त और जन-केंद्रित शासन व्यवस्था को और मजबूत किया जा सके।