Jantar Mantar Protest: छात्र आंदोलन से गरमाई दिल्ली से पटना तक की सियासत! जंतर-मंतर पर भारी पुलिस बल तैनात, पटना में पथराव-लाठीचार्ज
नई दिल्ली/पटना। नीट परीक्षा में कथित अनियमितताओं और पेपर लीक के आरोपों को लेकर देशभर में छात्रों का आंदोलन लगातार तेज होता जा रहा है। दिल्ली के जंतर-मंतर पर ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ (सीजेपी) के बैनर तले चल रहा प्रदर्शन शनिवार को भी जारी रहा। आंदोलन के बीच शनिवार दोपहर 3:30 बजे प्रदर्शनकारियों और सरकार के प्रतिनिधिमंडल के बीच मुलाकात प्रस्तावित है। इस बैठक से पहले कांग्रेस नेता और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने 10 जनपथ से छात्रों के आंदोलन और उनकी मांगों को लेकर केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला। राहुल गांधी ने कहा कि छात्रों की तीन प्रमुख मांगें हैं और इन मांगों को किसी भी सूरत में नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। उन्होंने कहा कि पहली मांग शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को उनके पद से हटाने की है। दूसरी मांग उन पुलिसकर्मियों और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की है, जिन्होंने प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर कथित तौर पर लाठीचार्ज किया। वहीं, तीसरी मांग प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से छात्रों से माफी मांगने की है। राहुल गांधी ने कहा कि ये मांगें उन्होंने खुद तय नहीं की हैं, बल्कि देशभर के छात्र अपनी आवाज के रूप में इन्हें उठा रहे हैं। उन्होंने कहा कि सरकार को छात्रों की बात सुननी होगी और उनकी मांगों पर गंभीरता से कार्रवाई करनी होगी। राहुल गांधी ने दावा किया कि उन्हें ऐसी खबरें मिल रही हैं कि केंद्र सरकार शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को शिक्षा मंत्रालय से हटाकर किसी दूसरे मंत्रालय की जिम्मेदारी देने पर विचार कर रही है। उन्होंने इस संभावित कदम को भी नाकाफी बताया। राहुल गांधी के मुताबिक, छात्रों को यह मंजूर नहीं होगा कि केवल मंत्रालय बदल दिया जाए। उन्होंने धर्मेंद्र प्रधान पर निशाना साधते हुए कहा कि छात्रों के आंदोलन के बीच केवल मंत्रालय बदलना किसी समस्या का समाधान नहीं है। राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि शिक्षा मंत्री छात्रों के भविष्य से जुड़े मुद्दों पर जवाबदेही तय करने में विफल रहे हैं। उन्होंने कहा कि छात्रों की मांग शिक्षा मंत्रालय से हटाने की नहीं, बल्कि उन्हें पूरी तरह पद से हटाने की है।
घायल छात्रों का जिक्र कर राहुल गांधी ने उठाए सवाल
छात्र आंदोलन के दौरान हुई कथित पुलिस कार्रवाई का जिक्र करते हुए राहुल गांधी ने कहा कि कई छात्र घायल हुए हैं। उन्होंने एक घायल छात्रा का उल्लेख करते हुए कहा कि उसे गंभीर चोटें आई हैं। राहुल गांधी ने दावा किया कि एक दिन पहले उनकी मुलाकात एक ऐसे छात्र से हुई थी, जिसकी आंख में छर्रा लगा है और आशंका है कि उसकी आंख की रोशनी हमेशा के लिए प्रभावित हो सकती है। उन्होंने कहा कि प्रदर्शन के दौरान बड़ी संख्या में छात्रों पर लाठीचार्ज किया गया, कई छात्रों को चोटें आईं और कुछ के शरीर में छर्रे लगे। राहुल गांधी ने कहा कि यदि छात्रों के साथ ऐसी कार्रवाई हुई है तो इसके लिए जिम्मेदार लोगों की जवाबदेही तय होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि कार्रवाई करने वाले लोगों के साथ-साथ इस पूरी कार्रवाई के लिए जिम्मेदार अधिकारियों और इसे कथित तौर पर आयोजित करने वालों के खिलाफ भी जांच कर उचित सजा दी जानी चाहिए।
पटना में भी प्रदर्शन तेज, कई लोग हिरासत में
इधर, नीट परीक्षा में कथित पेपर लीक और अनियमितताओं के विरोध में बिहार की राजधानी पटना में भी प्रदर्शन का असर देखने को मिला। गांधी मैदान थाना क्षेत्र के एग्जीबिशन रोड से पुलिस ने प्रदर्शन के दौरान कई लोगों को हिरासत में लिया। इसी दौरान पूर्व मंत्री तेज प्रताप यादव को भी पुलिस ने गांधी मैदान थाना क्षेत्र के एग्जीबिशन रोड से हिरासत में लिया। पटना में प्रदर्शन के दौरान डाकबंगला चौराहे पर भी तनाव की स्थिति देखने को मिली। यहां प्रदर्शन के दौरान पथराव और पुलिस की ओर से लाठीचार्ज किए जाने की घटना सामने आई। घटना के बाद इलाके में पुलिस बल की तैनाती बढ़ा दी गई और प्रशासन की ओर से स्थिति पर नजर रखी जा रही है। पटना के गांधी मैदान इलाके में पुलिस लगातार कार्रवाई करती नजर आई। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को एक जगह एकत्र होने से रोकने के लिए सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी। बताया गया कि लेफ्ट संगठनों से जुड़े छात्र गांधी मैदान पहुंचने का प्रयास कर रहे थे, लेकिन मौके पर पहुंचते ही पुलिस ने कई छात्रों को हिरासत में लेकर वहां से हटा दिया। पुलिस की इस कार्रवाई को लेकर प्रदर्शनकारी संगठनों ने नाराजगी जताई है। वहीं, प्रशासन का कहना है कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं।