जैव प्रौद्योगिक संस्थान पटवाडांगर में मना राष्ट्रीय कीवी दिवस! स्वास्थ्य के लिए कीवी फल को बताया लाभदायक
नैनीताल। उत्तराखण्ड जैव प्रौद्योगिक परिषद, जैव प्रौद्योगिक संस्थान पटवाडांगर में संस्थान निदेशक डॉ. राजेन्द्र डोभाल के दिशा-निर्देशन में राष्ट्रीय कीवी दिवस का आयोजन किया गया। इस दौरान कीवी फल की खेती एवं उत्पादन की नवीन तकनीक पर कार्यशाला एवं प्रशिक्षण कार्यक्रम में वैज्ञानिक डॉ. सुमित पुरोहित ने बताया कि उत्तराखण्ड जैव प्रौद्योगिकी परिषद विगत कई वर्षों से कीवी पौधों का उत्पादन वैज्ञानिक तरीकी जैसे प्लांट टिशु कल्चर के माध्यम से कराया जा रहा है जिसका उद्देश्य किसानों को उच्च गुणवत्ता के पौधे उपलब्ध कराना है। वैज्ञानिक डॉ. केएम राय ने बताया कि कीवी फल मानव स्वास्थ्य के लिए बहुत लाभदायक है। बताया कि कीवी फल में विटामन सी की मात्रा बहुतायत में पाई जाती है व इसके बीज में ओमिगा-3 फैटी एसिड पायी जाती है जो स्वास्थ्य के लिए लाभदायक है एवं शरीर के प्लेट्लेटस बढ़ाने में कारगर होता है। बताया कि कीवी फल की छह प्रजातियां होती हैं। वैज्ञानिक डॉ. नारायण सिंह ने बताया कि कीवी फल की खेती उत्तराखण्ड, हिमांचल प्रदेश, सिक्किम, तमिलनाडु में बहुतायत होती है और इटली राष्ट्र में सबसे ज्यादा होती है। डॉ. सिंह ने कीवी फल के औषधीय गुणों एवं मूल्य पर विस्तृत व्याख्यान दिया। कहा कि उत्तराखण्ड भी कीवी उत्पादन के क्षेत्र में अग्रिम रहेगा। वहीं राजीव रे ने मिट्टी की गुणवत्ता व मिट्टी में पाए जाने वाले सूक्ष्म तत्वों पर व्याख्यान दिया तथा किसानों एवं प्रतिभागियों को मिट्टी की गुणवत्ता पर किट के द्वारा प्रशिक्षण दिया। इस दौरान डॉ. सुमित पुरोहित एवं शोधार्थी श्विानी बलोदी ने कार्यक्रम का संचालन किया। इस मौके पर शीजल ओली, सचिन गुनिया, हिम्मत सिंह, प्रीतम सिंह, किशन राम, राहुल भारद्वाज, अजय सिंह आदि मौजूद थे।