फर्जी दस्तावेजों के सहारे अग्निवीर बनने का सपना टूटा! पिथौरागढ़ भर्ती परीक्षा में पकड़ा गया युवक दोषसिद्ध, कोर्ट ने सुनाई 2 साल के कठोर कारावास और जुर्माने की सजा
पिथौरागढ़। पिथौरागढ़ पुलिस को एक बड़ी सफलता मिली है। दरअसल, 2022 में पिथौरागढ़ में आर्मी अग्निवीर भर्ती परीक्षा के दौरान मुनस्यारी नामिक निवासी दीपक सिंह जैम्याल को आर्मी इन्टेलीजेन्स व पुलिस ने फर्जी दस्तावेजों के साथ गिरफ्तार किया था। जांच में पता चला कि आरोपी की भर्ती हेतु जन्म तिथि निकल गयी थी, जिस कारण वह फर्जी दस्तावेज तैयार कर सेना में भर्ती हेतु आया था। पुलिस ने उसके खिलाफ उ.नि. दिनेश चन्द्र सिंह द्वारा कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराया गया था। मामले की उत्कृष्ट विवेचना उ.नि. योगेश कुमार द्वारा संपन्न की गई, जिसके बाद 30 जुलाई 2024 को न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया गया। मामले की प्रभावी पैरवी सहायक अभियोजन अधिकारी रितेश वर्मा द्वारा की गई। सुनवाई के बाद आज 19 दिसंबर 2025 को न्यायिक मजिस्ट्रेट पिथौरागढ़ आरती सरोहा द्वारा आरोपी को दोषसिद्ध पाते हुए 2 वर्ष का कठोर कारावास तथा 1 हजार अर्थदण्ड की सजा सुनाई। अर्थदण्ड अदा न करने पर 2 माह अतिरिक्त साधारण कारावास भोगना पड़ेगा।