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उत्तराखण्ड: रुद्रपुर पहुंची कांग्रेस की न्याय यात्रा! धामी सरकार को बताया किसान विरोधी, धान खरीद और मुआवजे में देरी पर जताई नाराजगी

editor
  • Awaaz Desk
  • October 24, 2026 09:10 AM
Uttarakhand: Congress’s ‘Nyay Yatra’ reaches Rudrapur! The party labels the Dhami government ‘anti-farmer’ and expresses dissatisfaction over delays in paddy procurement and the disbursement of compensation.

रुद्रपुर। अल्मोड़ा से शुरू हुई कांग्रेस की प्रदेशव्यापी ‘न्याय यात्रा’ ऊधम सिंह नगर जिला मुख्यालय रुद्रपुर पहुंची, जहां पार्टी कार्यकर्ताओं और पूर्व विधायक राजकुमार ठुकराल के नेतृत्व में यात्रा का फूल-मालाओं और नारों के साथ जोरदार स्वागत किया गया। इस दौरान आयोजित सभा में कांग्रेस नेताओं ने किसानों की धान खरीद में हो रही देरी, खराब फसलों के मुआवजे, पेपर लीक प्रकरण और बहुचर्चित अंकिता भंडारी हत्याकांड को लेकर राज्य व केंद्र सरकार के खिलाफ तीखा मोर्चा खोला। न्याय यात्रा का नेतृत्व कर रहे वरिष्ठ कांग्रेस नेता करन माहरा ने जनसभा को संबोधित करते हुए प्रदेश सरकार को पूरी तरह 'किसान विरोधी' करार दिया। उन्होंने कहा कि सरकार ने घोषणा की थी कि 1 अक्टूबर से मंडियों में धान की सरकारी खरीद शुरू कर दी जाएगी, लेकिन 24 अक्टूबर बीत जाने के बावजूद कई जगह एक दाना तक नहीं तौला गया है। किसान अपनी उपज लेकर मंडियों और क्रय केंद्रों पर दर-दर भटकने को मजबूर हैं। इसके अलावा बीते दिनों ओलावृष्टि व बेमौसम बारिश से बर्बाद हुई फसलों का मुआवजा भी अब तक काश्तकारों को नहीं मिल सका है, जिससे अन्नदाता गंभीर आर्थिक संकट से जूझ रहा है। महिला सुरक्षा और कानून-व्यवस्था के मुद्दे पर सरकार को आड़े हाथों लेते हुए करन माहरा ने कहा कि प्रदेश में महिलाओं और बेटियों के खिलाफ अपराधों ने पिछले सारे रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। अंकिता भंडारी हत्याकांड का जिक्र करते हुए उन्होंने आरोप लगाया कि इस जघन्य कांड का मुख्य आरोपी भाजपा से जुड़े पूर्व नेता का बेटा है। उन्होंने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि अंकिता केस में जिस नेता का नाम कथित तौर पर ‘वीआईपी’ के रूप में सामने आ रहा था, उसे बिना निष्पक्ष जांच कराए सिक्किम का राज्यपाल नियुक्त कर दिया गया। कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया कि संविधान के अनुच्छेद 361 के तहत मिलने वाले कानूनी संरक्षण का लाभ दिलाकर संबंधित व्यक्ति को बचाने का प्रयास किया जा रहा है, जिसका विरोध सिक्किम की जनता भी कर रही है। कांग्रेस ने उत्तराखंड के विभिन्न भर्ती घोटालों में हाकम सिंह जैसे मुख्य आरोपियों और राष्ट्रीय स्तर पर नीट परीक्षा विवाद व छात्र आत्महत्याओं के मामलों पर भी केंद्र व राज्य सरकार की चुप्पी पर सवाल खड़े किए। कांग्रेस नेताओं ने स्पष्ट किया कि न्याय यात्रा के माध्यम से पार्टी किसानों, नौजवानों और महिलाओं के अधिकारों की लड़ाई को गांव-गांव और चौपालों तक ले जाएगी।


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