उत्तराखंड:आबकारी सचिव और आबकारी आयुक्त पद से शासन ने हटाया हरिचन्द्र सेमवाल को,आबकारी विभाग में ताबड़तोड़ तबादले करने के बाद सुर्खियों में आये थे सेमवाल
उत्तराखंड में चुनाव आयोग की सख्ती के बाद शासन ने आबकारी सचिव और आबकारी आयुक्त पद से हरिचंद्र सेमवाल को हटा दिया है। उनकी जगह आबकारी सचिव पद पर रविनाथ रमन और आबकारी आयुक्त के पद पर नितिन भदौरिया को तैनात किया गया है।सरकार ने आचार संहिता लगने से पहले सात जनवरी को आबकारी आयुक्त के पद से नितिन भदौरिया को हटाते हुए सचिव आबकारी हरिचंद्र सेमवाल को ही आयुक्त की जिम्मेदारी भी दे दी थी। पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने सरकार के इस फैसले पर सवाल खड़े करते हुए सोशल मीडिया में पोस्ट डाली थी।कांग्रेस नेता भी लगातार सरकार के इस कदम की आलोचना कर रहे थे। शनिवार को चुनाव आयोग के आदेश के बाद सचिव कार्मिक अरविंद सिंह ह्यांकी ने हरिचंद्र सेमवाल को आबकारी सचिव और आबकारी आयुक्त की दोनों जिम्मेदारी से मुक्त कर दिया। उनके पास शेष विभाग यथावत रहेंगे।
आबकारी सचिव पद पर शासन ने सचिव राजस्व एवं वन रविनाथ रमन को अतिरिक्त प्रभार दिया है। जबकि आबकारी आयुक्त के पद पर नितिन भदौरिया की वापसी की गई है। अपर सचिव पेयजल, पंचायती राज आदि विभागों के साथ उन्हें आबकारी आयुक्त का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है। उधर, कांग्रेस नेता मथुरादत्त जोशी ने कहा कि उन्होंने इस संबंध में चुनाव आयोग को शिकायत भी की थी।सरकार ने दिसंबर में हरिचंद्र सेमवाल को आबकारी सचिव बनाया था। सचिव पद की जिम्मेदारी संभालते ही उन्होंने आबकारी विभाग में ताबड़तोड़ तबादले कर दिए थे। दस जिला आबकारी अधिकारियों के तबादलों से वह चर्चाओं में आए थे। इसके बाद सरकार ने जनवरी में उन्हें आबकारी सचिव के साथ ही आबकारी आयुक्त की जिम्मेदारी भी दे दी थी।
न्यूज़ सोर्स:अमर उजाला