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उत्तराखण्ड में ‘होमगार्ड वर्दी घोटाला’ उजागर! डिप्टी कमांडेंट पर एक करोड़ का सामान तीन करोड़ में खरीदने का आरोप, बर्खास्तगी और दो करोड़ की रिकवरी की संस्तुति

editor
  • Awaaz Desk
  • January 21, 2026 08:01 AM
Uttarakhand's 'Home Guard uniform scam' exposed! Deputy Commandant accused of purchasing goods worth one crore rupees for three crore rupees; dismissal recommended and recovery of two crore rupees.

देहरादून। उत्तराखण्ड में होमगार्ड वर्दी घोटाला मामले की जांच शुरू हो गयी है। डिप्टी कमांडेंट जनरल अमिताभ श्रीवास्तव पर आरोप है कि उन्होंने अपनी शक्तियों का दुरुपयोग करते हुए एक करोड़ रुपये का वर्दी व अन्य सामान तीन करोड़ रुपये में खरीदा है। जिसके बाद न केवल लोगों में रोष देखने को मिल रहा है, बल्कि इस मामले में सियासत भी गरमाई हुई है। विपक्ष आरोप लगा रहा है कि प्रदेश के हाल बेहाल हैं और सरकार आंख मूदे बैठी है। बता दें कि कमांडेंट जनरल पीवीके प्रसाद ने विभागीय जांच कराने के बाद श्रीवास्तव की बर्खास्तगी और उनसे दो करोड़ रुपये की रिकवरी करने की संस्तुति करते हुए शासन को लिखा था। गृह सचिव शैलेश बगौली ने बताया कि इस मामले में 15 दिन पहले कमांडेंट जनरल होमगार्ड का पत्र मिला था। इसमें बताया गया था कि अमिताभ श्रीवास्तव ने अपने पद का दुरुपयोग करते हुए वित्तीय अनियमितताएं की हैं। इस मामले की जांच के लिए शासन स्तर के अधिकारियों की टीम बनाई गई है। आरोप है कि जवानों के लिए एक करोड़ रुपये की वर्दी तीन करोड़ रुपये में खरीदी गई। अब मामले में जल्द ही जांच पूरी करने के बाद अगली कार्रवाई करने की बात कही जा रही है। बता दें कि ये अनियमितताएं वित्तीय वर्ष 2024-25 में हुई है। वर्ष 2025-26 में फिर इन दरों पर टेंडर निकाला गया तो तब कमांडेंट जनरल पीवीके प्रसाद ने यह बात पकड़ ली। उन्होंने टेंडर निरस्त कराते हुए घपले के आरोपी डिप्टी कमांडेंट जनरल (डीसीजी) अमिताभ श्रीवास्तव के खिलाफ केस दर्ज कराने, दो करोड़ रुपये की रिकवरी करने और सेवा से बर्खास्त करने की रिपोर्ट शासन को भेजी है। विभागीय जांच में सामने आया है कि डीसीजी अमिताभ श्रीवास्तव ने ठेकेदार के साथ मिलीभगत कर बाजार भाव से तीन गुना दामों पर सामान की खरीद की। इस घोटाले के सामने आने के बाद कमांडेंट जनरल ने विभाग में वर्दी की खरीद पर रोक लगा दी है। अधिकारियों और ठेकेदार के गठजोड़ ने एक करोड़ के सामान का बिल तीन करोड़ रुपये बनाया।
 


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