पार्षद प्रकाश धामी हत्याकांड: 6 साल बाद एसटीएफ की बड़ी कामयाबी, 25 हजार का इनामी शूटर मध्य प्रदेश से गिरफ्तार
रुद्रपुर। उत्तराखंड की बहुचर्चित और सनसनीखेज पार्षद प्रकाश धामी हत्याकांड में न्याय की दिशा में एक और बड़ी सफलता मिली है। स्पेशल टास्क फोर्स ने इस हत्याकांड में शामिल और लंबे समय से फरार चल रहे 25 हजार रुपये के इनामी शूटर रिंकू शर्मा को गिरफ्तार कर लिया है। शूटर की गिरफ्तारी मध्य प्रदेश के थाना डिमरी क्षेत्र से हुई है, जहाँ वह अपनी पहचान छिपाकर रह रहा था।
आपको बता दें यह वारदात 12 अक्टूबर 2020 की सुबह करीब नौ बजे हुई थी। रुद्रपुर के भदईपुरा (वार्ड नंबर 13) निवासी भाजपा समर्थित पार्षद प्रकाश सिंह धामी अपने घर पर मौजूद थे। इसी दौरान सफेद रंग की एक आई-10 कार उनके घर के बाहर आकर रुकी। कार से उतरे एक युवक ने आवाज देकर धामी को घर से बाहर बुलाया और उनसे बातचीत करने लगा। पार्षद को भनक भी नहीं थी कि यह उनकी मौत का जाल है। जैसे ही पार्षद बातचीत में उलझे, कार में सवार अन्य हथियारबंद बदमाश बाहर निकले और उन पर ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी। हमलावरों ने पार्षद के सिर, गले और सीने को निशाना बनाकर गोलियां दागीं। गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद धामी ने अपनी जान बचाने के लिए घर की ओर भागने का प्रयास किया, लेकिन शूटरों ने पीछा कर उन्हें फिर से गोली मार दी और मौके पर ही उनकी मौत सुनिश्चित कर फरार हो गए। यह पूरी खौफनाक वारदात पास लगे सीसीटीवी कैमरों में कैद हो गई थी, जिससे पूरे प्रदेश में हड़कंप मच गया था। हत्याकांड के बाद से ही पुलिस और एसटीएफ आरोपियों की तलाश में जुटी थी। मुख्य शूटर रिंकू शर्मा, जो मध्य प्रदेश का रहने वाला है, लगातार अपनी लोकेशन बदलकर पुलिस को चकमा दे रहा था। उस पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था। एसटीएफ की टीम को सटीक इनपुट मिला कि वह मध्य प्रदेश में छिपा है, जिसके बाद एक विशेष ऑपरेशन चलाकर उसे धर दबोचा गया। एसटीएफ के अधिकारियों का कहना है कि रिंकू शर्मा की गिरफ्तारी से इस हत्याकांड के पीछे की बड़ी साजिश और अन्य मददगारों के बारे में अहम सुराग मिल सकते हैं। पार्षद धामी हत्याकांड ने रुद्रपुर की राजनीति और सुरक्षा व्यवस्था पर कई सवाल खड़े किए थे। शूटर की गिरफ्तारी के बाद अब पीड़ित परिवार और समर्थकों ने राहत की सांस ली है। पुलिस अब आरोपी को ट्रांजिट रिमांड पर लाकर पूछताछ की तैयारी कर रही है।