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उत्तराखंड चारधाम यात्रा में 9.67 लाख सिलिंडरों की डिमांड, 6000 से ज्यादा प्रतिदिन सप्लाई के साथ अलर्ट पर सरकार

  • Tapas Vishwas
  • April 02, 2026 08:04 AM
Demand for 9.67 Lakh Cylinders During Uttarakhand's Char Dham Yatra; Government on Alert with Daily Supplies Exceeding 6,000.

देहरादून। आगामी चारधाम यात्रा 2026 और पर्यटन सीजन को देखते हुए उत्तराखंड सरकार ने कमर्शियल एलपीजी गैस सिलिंडरों की आपूर्ति को लेकर व्यापक तैयारियां शुरू कर दी हैं। मुख्य सचिव आनंद बर्धन के निर्देश पर खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग ने केंद्र सरकार से अतिरिक्त गैस आवंटन के लिए प्रस्ताव तैयार कर लिया है, ताकि यात्रा के दौरान किसी भी प्रकार की कमी न हो। विभाग के सचिव आनंद स्वरूप की अध्यक्षता में इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन लिमिटेड, भारत पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड और हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड  के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में चारधाम यात्रा के दौरान संभावित मांग, भंडारण क्षमता, आपूर्ति श्रृंखला, परिवहन व्यवस्था और अंतिम वितरण प्रणाली पर विस्तृत चर्चा हुई।अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए गए कि यात्रा शुरू होने से पहले पर्याप्त स्टॉक सुनिश्चित किया जाए और दुर्गम क्षेत्रों तक निर्बाध आपूर्ति के लिए मजबूत लॉजिस्टिक प्लान तैयार रखा जाए। रियल टाइम मॉनिटरिंग और तीनों ऑयल कंपनियों के साथ निरंतर समन्वय के जरिए किसी भी बाधा को तुरंत दूर करने की रणनीति बनाई गई है।

विभागीय आंकड़ों के अनुसार अप्रैल से नवंबर 2026 के बीच प्रदेश के 14,901 होटल, रेस्टोरेंट, गेस्ट हाउस और अन्य वाणिज्यिक प्रतिष्ठानों को कुल 9,67,950 कमर्शियल एलपीजी सिलिंडरों की आवश्यकता पड़ेगी। चारधाम यात्रा के दौरान लाखों श्रद्धालुओं और पर्यटकों के आने से इन प्रतिष्ठानों में गैस की खपत सामान्य दिनों की तुलना में 2 से 3 गुना तक बढ़ जाती है। विभाग का अनुमान है कि इस बार यात्रा और पर्यटन सीजन के संयुक्त प्रभाव से मांग और अधिक रह सकती है, इसलिए अग्रिम रूप से अतिरिक्त आवंटन की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। सकारात्मक बात यह है कि हाल के दिनों में गैस आपूर्ति में उल्लेखनीय सुधार हुआ है। पहले जहां प्रतिदिन करीब 3000 सिलिंडर की सप्लाई हो रही थी, अब इसे बढ़ाकर 6000 से अधिक सिलिंडर प्रतिदिन कर दिया गया है। यात्रा नजदीक आने पर जरूरत पड़ने पर इस संख्या को और बढ़ाने की भी तैयारी रखी गई है। सरकार ने कालाबाजारी, ओवरचार्जिंग और घरेलू गैस के व्यावसायिक उपयोग को रोकने के लिए सख्त रुख अपनाया है। 31 मार्च 2026 तक प्रदेशभर में 5,389 निरीक्षण और 87 छापेमारी की गईं। इस दौरान 16 एफआईआर दर्ज कर 7 लोगों को गिरफ्तार किया गया तथा 699 घरेलू और 168 कमर्शियल सिलिंडर जब्त किए गए। करीब 1.01 लाख रुपये का जुर्माना भी वसूला गया। यात्रा के दौरान ऐसे अभियान और तेज किए जाएंगे। एलपीजी के साथ-साथ पेट्रोल और डीजल की आपूर्ति पर भी 24×7 निगरानी रखी जा रही है। पहाड़ी क्षेत्रों में निर्बाध ईंधन उपलब्धता के लिए वैकल्पिक व्यवस्था और बैकअप प्लान तैयार किए गए हैं। मुख्य सचिव आनंद बर्धन और सचिव आनंद स्वरूप के निर्देशन में विभाग पूरी तरह डेटा आधारित रणनीति पर काम कर रहा है। इसमें डिमांड का सटीक आकलन, केंद्र से अतिरिक्त आवंटन, सप्लाई चेन को मजबूत करना और जमीनी स्तर पर सख्त निगरानी शामिल है। सरकार का स्पष्ट संदेश है कि चारधाम यात्रा 2026 के दौरान गैस आपूर्ति को लेकर कोई कमी नहीं आने दी जाएगी। विभाग, जिला प्रशासन और ऑयल कंपनियों के बीच निरंतर समन्वय बनाए रखा जा रहा है, ताकि यात्रा सुचारू, सुरक्षित और व्यवस्थित तरीके से संपन्न हो सके।


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